हिमाचल के स्कूलों में कार्यरत इन आउटसोर्स कर्मियों को सुक्खू सरकार ने तोहफा दिया
Shimla News (ब्यूरो): हिमाचल के स्कूलों में कार्यरत आउटसोर्स वोकेशनल ट्रेनिंग प्रोवाइडर काे 20 पेड लीव की सुविधा देने का सरकार ने निणर्य लिया है और लंबे समय से चली आ रही इस मांग के पूरा होने से इस वर्ग में खुशी की लहर दौड़ गई है। हिमाचल सरकार ने यह निर्णय लिया है और इस संबंध में सुक्खू सरकार ने अधिसूचना जारी कर दी है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हाेंगे।
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि हाल ही में आउटसोर्स व्यावसायिक प्रशिक्षण प्रदाता संघ के एक प्रतिनिधिमंडल ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर उनसे चर्चा की थी। उन्होंने कहा कि सरकार ने इन प्रशिक्षकों को राहत प्रदान करने की दिशा में तेजी से कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि संघ की एक मुख्य मांग पूरी करते हुए सरकार ने उन्हें 20 दिनों के सवैतनिक अवकाश प्रदान करने की अधिसूचना जारी कर दी है।
सरकार ने उन्हें ‘ऑन जॉब ट्रेनिंग’ से पहले अथवा बाद में इन 20 दिनों के अवकाश का लाभ उठाने का विकल्प दिया गया है। हालांकि, शेष अवकाश अवधि के दौरान, व्यावसायिक प्रशिक्षकों को या तो ‘ऑन जॉब ट्रेनिंग’ करनी होती है या अन्य आवश्यक कार्य करने के लिए स्कूलों में उपस्थित रहना होता है।
व्यावसायिक प्रशिक्षकों को देय अवकाश की अन्य पात्रता अप्रभावित रहेंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि संघ की अन्य मांगों पर भी सरकार सहानुभूतिपूर्वक विचार कर रही है और उनके हितों को ध्यान में रखते हुए उचित निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने अपने छह माह के कार्यकाल में सरकारी कर्मचारियों के कल्याण के लिए कई कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना बहाल कर दी है और 1 जनवरी, 2022 से तीन प्रतिशत महंगाई भत्ता भी जारी किया गया है। गौरतलब है कि राष्ट्रीय कौशल योग्यता ढांचे (नेशनल स्किल क्वालीफिकेशन फ्रेमवर्क) के अन्तर्गत कार्य कर रहे आउटसोर्स व्यवसायिक प्रशिक्षण प्रदाताओं की प्रदेश में अच्छी खासी तादाद है और लंबे समय से यह वर्ग अपनी इस मांग को लेकर समय-समय पर आवाज उठाता रहा है।